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Beautiful, Romantic, Dard bhari Love Shayari in Hindi - रोमांटिक शायरी हिंदी में लिखी हुई

Dard bhari Love Shayari in Hindi


Dard bhari love shayari in Hindi और Beautiful Hindi shayari, Romantic Hindi shayari  पर छोटा छोटा दो लाइन के हिंदी शायरी लेकर आए है।

हिंदी शायरी के मनमोहक अच्छे-अच्छे शब्द का प्रयोग करके हिंदी शायरी को सजाने की कोशिश किया करते हैं हम भी इस पर  Dard bhari love shayari in Hindi टाइटल  बनाके कुछ पंक्तियां शब्दों पर हिंदी शायरी बनाने की कोशिश किया है।

हर आदमी का अवस्था एक ही जैसा नहीं होता है अपने अवस्था मेल खाने पर जो शायरी लिखा जाता है या वाचन करता है उसी प्रकार का शायरी हर आदमी को अच्छा लगता है। 

हम भी इस  Dard bhari shayari in Hindi पर आप लोगों के लिए आपको खुश बनाने के लिए कोशिश किया है आपका दिल पर भी ऐसा ही कुछ शायरी है तो  हमारे साथ जरूर शेयर करना।

love shayari image

Love shayari image


बहाने

इस कदर हम यार को मनाने निकले!
उसकी चाहत के हम दिवाने निकले!
जब भी उसे दिल का हाल बताना चाहा!
उसके होठों से वक़्त न होने के बहाने निकले!


याद आय

उनके होंठों पे मेरा नाम जब आया होगा, 
ख़ुद को रुसवाई से फिर कैसे बचाया होगा, 
सुन के फ़साना औरों से मेरी बर्बादी का, 
क्या उनको अपना सितम न याद आय होगा?


कर दिया

तेरी मोहब्बत ने हमे बेनाम कर दिया,
हमे हर ख़ुशी से अंजान कर दिया,
हमने तो कभी नही चाहा था हमे मोहब्बत हो,
लेकिन उसकी पहली नज़र ने हमे नीलाम कर दिया।


ख्वाब याद

पसंद मत कर हमारे अल्फाज़ो को
ये बेबस है किसी के ख़यालो के…
महफूज रहना तू अपनी सल्तनत में ए यारा
 वरना बहुत लक्लीफ देती है ख्वाब यादों के…


जब हम न हों

बातें ऐसे करो की जज्बात कभी कम न हों 
ख्यालात ऐसे रखो कि कभी गम न हो
दिल में अपने इतनी जगह दे देना हमें
कि खाली-खाली सा लगे जब हम न हों !!


बेहद प्यार

मैं कोई रिमोट थोड़ी हूँ
जो आपकी  जिंदगी पर कट्रोल करूँ
मैं कोई आपको खोना चाहता हूँ
जो आपसे हर रोज़ मख़ौल करूँ
करता हूँ बेहद प्यार आपसे
फिर क्यों इजहार में टालमटोल करूँ


सोचया ही  नहीं

रब  रब करदे  उमर  बीत  गई ,
रब  की  है , कदे  सोच्या   ही  नहीं , 
बहुत  कुछ  मंग  लया  ते  बहु  कुछ  पा  लया ,
रब  नूं  ही  पाणा  है , कदी  सोचया  ही  नहीं ।।


 गौर था

महफ़िल में इस कदर पीने का दौर था
हमको पिलाने के लिए सबका जोर था,
पी गए हम इतनी यारो के कहने पर,
न अपना गौर था न ज़माने का गौर था


Love Shayari in Hindi


ए-दिल लिखूँ

पुराने दर्द लिखूँ या ताजे जख्म लिखूँ...
या जिसने दिए उसका जिक्र लिखूँ....
खामोश है लब , और  चुप  है कलम...
अब तुम ही कहो कैसे हाल -ए-दिल लिखूँ ।।


बर्बाद हो जाऊं

उलझ कर के तेरी जुल्फ़ों में आबाद हो जाऊ
की जैसे लखनऊ का अमीनाबाद हो जाऊं
मैं जमुना की तरह तन्हा , ताज को निहारूं कब तक
कोई गंगा मिले तो मैं इलाहाबाद हो जाऊं।
ग़ज़ल कहने लगा हूं मैं , ज़रा सा मुस्कुरा तो दो 
तुम यही तो चाहती थी कि मैं बर्बाद हो जाऊं।


रात में मिल जाये

खफा न होना हमसे, अगर तेरा नाम जुबां पर आ जाये,
इंकार हुआ तो सह लेंगे और अगर दुनिया हंसी, तो कह देंगे,
कि मोहब्बत कोई चीज़ नहीं, जो खैरात में मिल जाये,
चमचमाता कोई जुगनू नहीं, जो हर रात में मिल जाये,


खफा नहीं होते

जो रहते हैं दिल में वो जुदा नहीं होते, ❤
कुछ एहसास लफ़्ज़ों से बयां नहीं होते,
एक हसरत है कि उनको मनाये कभी,
एक वो हैं कि कभी खफा नहीं होते।


Dosti Shayari


कमाल है

मुझे शाख शाख से तोड़ना
फिर बीच बीच से जोड़ना
ये अदा अदा भी कमाल है
ये सजा सजा भी कमाल है


जानता भी नहीं

खामोश है दिल  मेरा 
कुछ कहता भी नहीं.
हर जगह तलाशता है तुझको
 एक जगह रहता भी नहीं.
ना जाने कैसी आदत है तू
तरे आने का  दिल को पता चला मेरे
तू कब आई मैं तो जानता भी नहीं


दुआ करू

दोस्ती का शुक्रिया कुछ इस तरह अदा करू,
आप भूल भी जाओ तो मे हर पल याद करू,
खुदा ने बस इतना सिखाया हे मुझे
कि खुद से पहले आपके लिए दुआ करू..


याद रहेता हे

दोस्त को दोस्त का इशारा याद रहेता हे,
हर दोस्त को अपना दोस्ताना याद रहेता हे,
कुछ पल सच्चे दोस्त के साथ तो गुजारो,
वो अफ़साना मौत तक याद रहेता हे


Dard Bhari Shayari


वफा न करे

वो दिल क्या जो मिलने की दुआ न करे,
तुम्हें भुलकर जिऊ यह खुदा न करे,
रहे तेरी दोस्ती मेरी जिन्दगानी बनकर,
यह बात और है जिन्दगी वफा न करे,


प्यार करते हैं

"अश्क बन कर आँखों से बहते हैं,
बहती आँखों से उनका दीदार करते हैं,
माना की ज़िंदगी मे उन्हे पा नही सकते, 
फिर भी हम उनसे बहुत प्यार करते हैं."


 इनकार कर आए

"आज हम भी एक नेक काम कर आए,
दिल की वसीयत किसी के नाम कर आए,
प्यार हैं उनसे ये जानते हैं वो......, 
मज़बूरी थी जो झुकी नज़रों से इनकार कर आए."


खयाल दोबारा नहीं

आसमान है मगर सितारे नजर नहीं आते
खुदा को जमीन पर हम जैसे बेचारे नजर नहीं आते.
उसकी शिकायतें तो बहुत है मेरे मोहब्बत के मालिक.
मगर देखता हूं जब उसका मुस्कुराता चेहरा.
ए शिकायत  के खयाल दोबारा नहीं आते.


मंजूर है हमे

न जिद है न कोई गुरूर है हमे,
बस तुम्हे पाने का सुरूर है हमे,
इश्क गुनाह है तो गलती की हमने,
सजा जो भी हो मंजूर है हमे।”


 हिला दो

फालतू की बक बक नही करनी
कुछ सुना ही दो 
सुना है अज्ञात कुछ बोलते नही आप 
आज अपने लबो को भी हिला दो…


sad shauyari image
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Friendship Shayari


आसमान" छू लूँ

तू जो "इजाजत" दे तेरे साथ मैं हो लूँ...
तू जो "मेरा प्यार" 'कुबूल' कर ले...
"तेरे प्यार" में 'खुद' को 'खो' लूँ...
तू जो "हमसफर" बन जाए मेरे यार...
तेरा साथ पाकर मैं "आसमान" छू लूँ!


सुनने आय है

कर के हज़ारों जतन.......
हुस्न की रौनक़ बढ़ाई जाती है...!

उन के ही काबू में नहीं उन का हुस्न....
और तोहमत हम पर लगाई जाती है !!

मेरा मसला आसान नही 
जो सब जान जाय…

हा पता है मुझको सायर केए महफ़िल है 
जभी तो हम सबको अपना अफसाना सुनने आय है…


Sorry Shayari


ढूंढ रहे हैं

इंकार में उसके वो रज़ा, ढूंढ रहे हैं
जीने के लिये एक सज़ा, ढूंढ रहे हैं…

करते रहे ताउम्र वो दौलत में मस्तियां
हम मुफलिसी में अपनी मज़ा, ढूंढ रहे हैं…

अब क्या कहें मदहोशियों के कितने रुप हैं
हम बन्दगी में रब की नशा, ढूंढ रहे हैं…

चलते रहे बेफिक्र मुहब्बत की राह पर
गुमराह हो वे घर का पता, ढूंढ रहे हैं…

जबसे तुम्हारे इश्क में बीमार हुऐ है
मैखाने जाके रोज़ दवा, ढूंढ रहे हैं…

जलते हुऐ इंसा यहां ये जलता शहर है
जलते घरों में लोग धुंआ, ढूंढ रहे हैं…


नही सताना


समझ लो मैं एक जोकर हूँ
जो आया आपकी ज़िंदगी
और हमेशा आपकी हँसी बनकर रह गया
पर जाता जाता ख़ामोश होकर बहुत कुछ कह गया
माना कि सुंदर नही है चेहरा मेरा
माना कि अकेले ही होता है सवेरा मेरा
पर मेरी आँखें भी तो रोती होगी
रह रहकर खुद को ही कोसती होगी
पर बस आप हमेशा खुश रहना
मेरे बारे में किसी से कुछ ना कहना
अब मैं कभी आपको परेशान नही करूँगा
बस अब अपने हर्जाने ख़ुद ही भरूँगा 
लगे आपको की मैं कुछ ज्यादा कह गया
दो गालियां दी देना मैसज में
बस सारे गीले शिकवे दूर कर जाना
अब कर लिया फैंसला आपको नही सताना


चाँद की ये रौशनी


मैं भी तुम भी और रात भी यहीं हैं
मगर दोनों की सोच चादर ओढ़ कर सो गई…
अल्फ़ाज़ कहीं टहलने निकल गए
हालात ने आवाज़ को डरा रखा हैं…
रात की ठण्ड साँसों के साथ जिस्म में उतर रही हैं
बस ये चार आँखें एक दूसरे से पूछ रही हैं…
तवील उम्र जीयेंगे या काटेंगे
इसका जवाब कौन देगा??
रात की ख़ामोशी या चाँद की ये रौशनी…

हमारा यह छोटा कोशिश पर अपना राय सुझाव देना मत भूलना हम ऐसा ही शायरी गजल कविताएं आप लोग के पास लेकर आने का वादा किया है कृपया शेयर कर देना धन्यवाद।

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